14 जून, 2011

आंतक के कुछ दिलचस्प तथ्य

जिस आंतक के आका लादेन को अमेरिका ने अपनी सीक्रेट सर्विस सी॰आई॰ए॰ के माध्यम से अफ़ग़ानिस्तान में सोवियत संघ की लाल सेना को परास्त करने के लिए आई॰एस॰आई की मदद से खड़ा किया, उसी ने अमेरिका में घुसकर वर्ल्ड ट्रेड सेंटर की धज्जियां बिखेर दीं। और जिस पाकिस्तान ने अपनी सरजमीं पर उसे पनाह दी, वह वहीं मारा गया। बेनज़ीर भुट्टो, जिनके प्रधानमंत्रित्वकाल मेँ तालिबान और अन्य कट्टरपंथी संगठन फले-फूले, वही उनकी मौत की वजह बने। पूर्व प्रधानमंत्री नवाज़ शरीफ ने जिस मोहाजिर परवेज़ मुशर्रफ़ को कमज़ोर समझ कर सेना की कमान सौंपी, उसी मुशर्रफ़ ने नवाज़ शरीफ़ का तख्ता पलट कर दिया। जिस परवेज़ मुशर्रफ ने खूंखार आतंकवादी इलियास कश्मीरी को सम्मानित किया, उसी के संगठन ने मुशर्रफ़ को जान से मारने की नाकाम साजिश रची।
यह सारी ऐतिहासिक घटनाएं पाकिस्तान से जुड़ीं हुई है। यह वही पाकिस्तान है जिसका आइडिया 1930 में कैम नदी के किनारे कैंब्रिज विश्वविद्यालय के छात्र रहे चौधरी रहमत अली का था, लेकिन बाद में मोहम्मद अली जिन्ना पाकिस्तान के बड़े पैरोकार के तौर पर उभरे और पाकिस्तान बनने के बाद उन्हें बाबा-ए-कॉम (फादर ऑफ द नेशन) या कायदे आजम (द ग्रेट लीडर) का दर्जा हासिल हुआ। जिन्ना के मशहूर जीवनीकार 'स्टेनले वोलपर्ट' ने उनके व्यक्तितत्व का वर्णन करते हुए बताया था कि उन्होने धर्म के नाम पर राष्ट्र का निर्माण किया, लेकिन वह करीब-करीब नास्तिक थे। वह जमकर शराब पीते थे, और दिन भर में पचासों सिगरेट फूँक डालते थे और शान-ओ-शौकत की ज़िंदगी बसर करते थे। पाकिस्तान बनाने की मुहिम में जिन्ना को चुनाव हार चुके विंस्टन चर्चिल का ज़बरदस्त समर्थन हासिल था। हिंदुस्तान को आज़ादी न देने के पक्ष में रहे चर्चिल ने चुनाव हारने के बाद यह मंसूबा पाला था कि अगर भारत को आज़ादी मिलती है तो उसका बंटवारा भी हो। ब्रूस रीडल कहते हैं कि अगर जिन्ना पाकिस्तान के 'फादर ऑफ द नेशन' थे तो चर्चिल अंकल ऑफ द नेशन।
इन बातों को ऐतिहासिक तथ्यों के आलोक में सिलसिलेवार और विस्तार देते हुए सी॰आई॰ए॰ के पूर्व अफसर ब्रूस रीडल ने अपनी किताब 'डेडली एमबैरेस-पाकिस्तान, अमेरिका एण्ड द फ्यूचर ऑफ ग्लोबल जेहाद' में दुनिया के सामने पेश किया है। ब्रूस रीडल अमेरिकी खुफिया एजेंसी सी॰आई॰ए॰ के बड़े अधिकारी रहे हैं। उन्हें वहाँ के चार राष्ट्रपतियों के साथ काम करने का मौका मिला था।
ग्लोबल जेहाद को ब्रूस रीडल ने फिलिस्तीन के अब्दुल्ला युसुफ मुस्तफा आजम के दिमाग की उपज बताया है। अब्दुल्ला युसुफ मुस्तफा आजम के बारे में माना जाता है कि उसने ही ओसामा बिन लादेन को ग्लोबल जेहाद के लिए उकसाया और तैयार किया था। ओसामा ने जब जेहाद की शुरुआत की तो उसे सबसे सुरक्षित राष्ट्र पाकिस्तान ही लगा। ओसामा ने पाकिस्तान में सक्रिय पाकिस्तानी तालिबान और लश्कर-ए-तैयबा से हाथ मिला लिया था। ब्रूस के मुताबिक, दुनिया भर के आतंकी संगठनों के मुख्यालय या तो पाकिस्तान में हैं या फिर खूंखार दहशतगर्द वहाँ शरण लिए बैठे हैं।
ब्रूस ने ज़ोर देकर इस बात को साबित किया है कि पाकिस्तान आतंक का अगुवा बन चुका है और मानवता के दुश्मनों को वहाँ पनाह मिलती है।