29 मई, 2011

मनुष्य बन जाएगा मशीन

हम अपने निकट अतीत पर नज़र डालें, तो पाते हैं कि तकरीबन 8,000 वर्ष पहले मानवता ने कृषि क्रांति का दीदार किया था और करीब 150 वर्ष पहले औद्योगिक क्रांति का। भले ही इन दोनों के बीच एक लंबा अंतराल रहा हो, लेकिन अगले 90 वर्षो में प्रोद्योगिकीय विकास की गति तीव्र से तीव्रतर होती गई। इसकी एक झलक हमें कम्प्युटर के विकास क्रम से भी मिलती है, जिसका आरंभिक स्वरूप (1900-1920) जहां मात्र 'संगणको' का था, वह अब आधुनिक सुपर कम्प्युटर तक आ पहुंचा है।

23 मई, 2011

मस्तिष्क का बनेगा कम्प्युटर मॉडल


ब्राह्मणॉ की साजिश

साढ़े तीन प्रतिशत कथित विदेशी आर्य ब्राह्मणॉ ने भारत के मूल निवासी 85 प्रतिशत दलित पिछड़ॉ व अल्पसंख्यकॉ के हक पर कब्जा जमाया है।

21 मई, 2011

एक सपना जो शायद सच हो

अभी कुछ देर पहले सो कर उठा हूँ, ब्रश करने के बाद चाय पी रहा था तभी याद आया कि मैं तो कोई सपना देख कर उठा हूँ। याद करने लगा की क्या देखा था? सारे बिखरे हुए चलचित्रों की मानिंद घटनाओँ की तस्वीरों को जोड़ता हुआ यहाँ आ गया जल्दी से कुछ लिखने ताकि भूल न जाऊँ।

19 मई, 2011

ग्लेसे 581_d पर हो सकता है जीवन


वैज्ञानिको को सौर मण्डल के बाहर 20 प्रकाश वर्ष की दूरी पर स्थित एक लाल रंग के छोटे ग्रह का पता चला है। वैज्ञानिकों का अनुमान है कि इस पर जीवन हो सकता है शोधकर्ताओँ के अनुसार ग्लेसे 581_d गोल्डीलाक्स जोन के सबसे ठंडे सीमाई क्षेत्र पर स्थित है।

17 मई, 2011

एक नजरिया

गौतम बुद्ध धर्म के पहले वैज्ञानिक हैं। उनके साथ श्रद्धा और आस्था की जरूरत नहीं है। उनके साथ तो समझ पर्याप्त है। अगर तुम समझने को राज़ी हो तो तुम बुद्ध की नौका में सवार हो जाओगे। अगर श्रद्धा भी आएगी तो समझ की छाया होगी। लेकिन समझ के पहले श्रद्धा की मांग बुद्ध की नहीं है। बुद्ध यह नहीं कहते कि जो मैं कहता हूँ, भरोसा कर लो। वह सोचने, विचारने और जीने पर जोर देते हैं।

विशाल दूरबीन खोजेगी एलियन्स


मौत के बाद जीवन जैसा कुछ नहीं : हॉकिंग

मशहूर वैज्ञानिक स्टीफन हॉकिंग ने कहा है कि मौत के बाद जीवन या स्वर्ग-नर्क जैसी किसी चीज का कोई अस्तित्व नहीँ है। उन्होने कहा है कि ऐसी अवधारणाएं परियों के किस्से-कहानियों की तरह हैं और ये उन लोगों के लिए है, जो मौत से डरते हैँ। 'द गार्डियन' को दिए गये साक्षात्कार में 'ए ब्रीफ हिस्ट्री ऑफ टाइम' के लेखक ने कहा कि जब मस्तिष्क अपने आखिरी समय में होता है तो उसके बाद ऐसा कुछ नहीँ होता। हॉकिंग 21 साल की उम्र से ही मोटर न्यूरान बीमारी का इलाज करा रहे हैं। उन्होने कहा, मैं पिछले 49 सालो से जल्द मरने की संभावना के साथ जी रहा हूं, लेकिन मुझे मरने की कोई जल्दबाजी नहीं हैं।

और अधिक जानने के लिए यहाँ क्लिक करें:  The Guardian: Stephen Hawking: 'There is no heaven; it's a fairy story'

06 मई, 2011

पृथ्वी की ओर बढ़ती तबाही

साढ़े 5 करोड़ टन वजनी एक विशालकाय उल्कापिंड पृथ्वी की ओर तेजी से बढ़ रहा है, लगभग चौथाई मील की यह चट्टान इस साल नवंबर में पृथ्वी और चांद के बीच से गुजरने वाली है, अब देखिए क्या होता है?